बेरोज़गारी से परेशान दो युवकों ने फांसी लगाकर की आत्महत्या
प्रयागराज। धूमनगंज थाना क्षेत्र के हरवारा इलाके में बेरोज़गारी से परेशान राहुल सोनकर ने फांसी लगाकर जान दे दी। पिछले लॉकडाउन के दौरान घाटा होने की वजह से उसने दुकान बंद कर दी थी। इसके बाद से वह आर्थिक रूप से टूट गया था। इन सब कारणों से वो डिपरेशन में रहने लगा था। दूसरी घटना भी धूमनगंज क्षेत्र की ही है। कंधईपुर में बेरोजगारी से परेशान दशरथ यादव ने फांसी लगा ली। हरवारा के रहने वाले राहुल सोनकर ने कर्ज लेकर कुछ साल पहले जूते चप्पल की दुकान खोली थी। कोरोना काल में दूसरे लॉकडाउन के बाद उसे काफी घाटा हुआ था। उसने दुकान बंद कर दी थी। इसके बाद आर्थिक संकट से जूझ रहा था। जिनसे उसने उधार लिया था, वह भी दबाव बनाते थे। इन्हीं सब कारणों से वह अवसादग्रस्त हो गया था।ज्यादातर समय वह घर में ही रहता था। रविवार की रात उसने फांसी लगाकर जान दे दी। सुबह घर वालों को पता चला तो कोहराम मच गया। सूचना पर पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। धूमनगंज के प्रभारी थानाध्यक्ष ने बताया कि घरवालों ने किसी पर आरोप नहीं लगाया है।कंधईपुर का दशरथ यादव (32) पिछले कई वर्षों से बेरोजगार चल रहा था। कोरोना काल के बाद से उसके पास कोई काम नहीं था। वह दिन भर घर में गुमसुम रहता था। रविवार की रात वह घर से निकला और पास में ही एक पेड़ पर रस्सी बांधकर फंदे से झूल गया। देर रात लोगों ने देखा तो घरवालों को बताया। शव नीचे उतार दिया गया। सूचना पर पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस के मुताबिक दशरथ लाल शराब का आदी था।